MCQOPTIONS
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This section includes 657 Mcqs, each offering curated multiple-choice questions to sharpen your Testing Subject knowledge and support exam preparation. Choose a topic below to get started.
| 1. |
सूत्रनलम क्रिमेन सिने लेगे, नल्ला पोइन सिने लेगेसे निम्न में से क्या अभिप्रेत नही है? |
| A. | दाण्डिक विधि का भूतलक्षी प्रभाव से लागु न होना |
| B. | दाण्डिक विधि की कठोर व्याख्या की जानी चाहिये |
| C. | विधि की अनधिमान्यता (नाॅन एसेसीबिलिटी) |
| D. | विधि में विश्चितता |
| Answer» D. विधि में विश्चितता | |
| 2. |
निम्नलिखित में से कौन सा अपूर्ण अपराध है? |
| A. | लोक न्यूसेन्स |
| B. | आपराधिक प्रयत्न |
| C. | विधि विरूद्ध जमाव |
| D. | बलवा |
| Answer» C. विधि विरूद्ध जमाव | |
| 3. |
निम्नलिखित में से कौन सा अपराध की चार अवस्थाओं के सही क्रम को दर्शाता है- |
| A. | प्रयत्न 2.तैयारी 3. आशय 4. परिणाम |
| B. | 1.आशय 2.प्रयत्न 3.तैयारी 4. परिणाम |
| C. | 1.आशय 2. तैयारी 3.प्रयत्न 4. परिणाम |
| D. | 1.परिणाम 2. आशय 3. तैयारी 4. प्रयत्न |
| Answer» D. 1.परिणाम 2. आशय 3. तैयारी 4. प्रयत्न | |
| 4. |
गलत उत्तर बतलाइयेः अपराध के निम्नलिखित आवश्यक तत्व हैं- |
| A. | ऐच्छिक कार्य |
| B. | ऐच्छिक या अनैच्छिक कार्य |
| C. | दोषपूर्ण आशय |
| D. | कार्य में लोप भी सम्मिलित होता है |
| Answer» C. दोषपूर्ण आशय | |
| 5. |
आपराधिक दायित्व के इस सिद्धांत कि केवल कृत्य ही नहीं दोषपुर्ण मनःस्थिति भी, को विकसित किया गया था- |
| A. | साम्य न्यायालयों द्धारा |
| B. | काॅमन लाॅ न्यायालयों द्धारा |
| C. | स्टार चेम्बर न्यायालय द्धारा |
| D. | क्यूरिया रेजिस द्धारा |
| Answer» C. स्टार चेम्बर न्यायालय द्धारा | |
| 6. |
कथन(A): अपराध इसलिए दण्डनीय है कि विधि में उसका उपाय किया गया है।कथन (r): अपराध, समाज की नैतिक चेतना के लिए असह्म है। |
| A. | (A) और (R)दोनों सही है और (R),(A) का सही स्पष्टीकरण है। |
| B. | (a) और (R) दोनों सही है परन्तु (R),(A) का सही स्पष्टीकरण नहीं है। |
| C. | (A) सही है, परन्तु (R) गलत है |
| D. | (A) गलत है, परन्तु (R) सही है। |
| Answer» D. (A) गलत है, परन्तु (R) सही है। | |
| 7. |
आपराधिक दायित्व के दो अति महत्वपूर्ण तत्व हैंः |
| A. | आशय एवं कार्य |
| B. | आशयएवं क्षति |
| C. | क्षति एवं दोषसिद्धि |
| D. | तैयारी एवं दण्ड |
| Answer» B. आशयएवं क्षति | |
| 8. |
आपराधिक मनःस्थिति में शामिल नहीं है- |
| A. | हेतु |
| B. | आशय |
| C. | ज्ञान |
| D. | उपेक्षा |
| Answer» B. आशय | |
| 9. |
निम्न में से कौन अपराध का आवश्यक तत्व नहीं है? |
| A. | दुराशय |
| B. | आपराधिक कृत्य |
| C. | क्षति |
| D. | हेतु |
| Answer» E. | |
| 10. |
आपराधिक दायित्व के निर्धारण में निम्नलिखित में से कौन सा तत्व सारभूत नहीं है? |
| A. | दुराशय |
| B. | हेतु |
| C. | स्वेच्छा |
| D. | उपर्युक्त में कोई नही |
| Answer» C. स्वेच्छा | |
| 11. |
निम्नलिखित में से अपराध के लिए क्या आवश्यक नहीं है? |
| A. | आशय |
| B. | उद्धेश्य |
| C. | बर्जित कार्य |
| D. | कार्य के लिए दण्ड |
| Answer» C. बर्जित कार्य | |
| 12. |
अपराध का निम्न में के कौन सा एक आवश्यक तत्व नहीं है? |
| A. | प्रयोजन (उद्देश्य) |
| B. | लुराशय |
| C. | मनुष्य |
| D. | कार्य |
| Answer» B. लुराशय | |
| 13. |
निम्नलिखित में से कौन सामान्यतः अपराध का आवश्यक तत्व नहीं है? |
| A. | आपराधिक कृत्य |
| B. | दुराश्य |
| C. | हेतु |
| D. | मानव |
| Answer» D. मानव | |
| 14. |
'मेंस रिया' सेतात्पर्य है- |
| A. | आशय |
| B. | ज्ञान |
| C. | हेतु |
| D. | दुराशय |
| Answer» E. | |
| 15. |
निम्नलिखित में से कौन सा आपराधिक दायित्व का आवश्यक तत्व है? |
| A. | चेष्टा या प्रवृत्ति |
| B. | हेतु |
| C. | दुराशय |
| D. | इच्छा |
| Answer» D. इच्छा | |
| 16. |
निम्न में कौन सामान्यतः अपराध का आवश्यक तत्व है? |
| A. | चेष्टा |
| B. | आपराधिक कृ्त्य |
| C. | हेतु |
| D. | इच्छा |
| Answer» C. हेतु | |
| 17. |
भारतीय दण्ड संहिता 1860 की धारा 1 संबंधित है- |
| A. | अपराध की परिभाषा से |
| B. | संहिता के नाम और उसके प्रवर्तन के विस्तार से |
| C. | संहिता के नाम और उसके क्षेत्रधिकार से |
| D. | उपर्युक्त में से कोई नहीं |
| Answer» C. संहिता के नाम और उसके क्षेत्रधिकार से | |
| 18. |
शय कार्य का लक्ष्य है, हेतु जिसका स्रोत हैयह कथन है- |
| A. | स्टीफोन का |
| B. | बेन्थन का |
| C. | आॅस्टिन का |
| D. | केनी का |
| Answer» D. केनी का | |
| 19. |
िसी कारेय को निषिद्ध करने या समादेशित करने वाली लोक विधि का उल्लंघन में किया गया कार्य अपराध है।यह कथन है- |
| A. | जे.एफ. स्टीफेन का |
| B. | विलयम बलैकस्टोन का |
| C. | हेनरी मेन का |
| D. | केनी का |
| Answer» C. हेनरी मेन का | |
| 20. |
निम्नलिखित में से कौन अपराध के आवश्यक तत्व हैं?1. मानव प्राणी2.लुराशय3.आपराधिक कृत्य4.हेतुनीचे दिये गये कूट की सहायता से सही उत्तर चुनियेः |
| A. | 1,2 एवं 4 |
| B. | 1,3 एवं 4 |
| C. | 1,2 एवं 3 |
| D. | 2,3 एवं 4 |
| Answer» D. 2,3 एवं 4 | |
| 21. |
निम्नलिखित में से सही कथन को इंगित कीजिए- |
| A. | अपराध अनिवार्यतः एक अनैतिक कृत्य है |
| B. | अपराध एक अवैधानिक कृ्त्य है |
| C. | अपराध अनिवार्यतः एक समाज विरोधी कृतय है |
| D. | अपराध अनिवार्यतः एक धर्म विरोधी कृ्य है |
| Answer» C. अपराध अनिवार्यतः एक समाज विरोधी कृतय है | |
| 22. |
आपराधिक विधि के प्रति कृत्यात्मक दृष्टिकोण को उजागर किया है- |
| A. | भारत के विधि आयोग ने |
| B. | भारत के सर्वोच्च न्यायालय ने |
| C. | इंग्लैण्ड की वूल्फेन्डेन समिति ने |
| D. | संयुक्त राज्य अमेरिका के सर्वोच्च न्यायालय ने |
| Answer» D. संयुक्त राज्य अमेरिका के सर्वोच्च न्यायालय ने | |
| 23. |
क अपकार जिसमें पैरवी शासन या उसके अधीनस्थ व्यक्तियों द्धारा की जाती है, अपराध है, यह कथन है- |
| A. | पैटन का |
| B. | आॅस्टिन का |
| C. | कीटन का |
| D. | स्टीफेन का |
| Answer» C. कीटन का | |
| 24. |
प्रचीन समाजों में दण्ड विधि अपराध विधि नहीं है बल्कि यह दोष विधि है। यह कथन है- |
| A. | जे. स्टीफोन का |
| B. | रसेल का |
| C. | शमशुल हुता का |
| D. | हेनरी मेन का |
| Answer» E. | |
| 25. |
अपराध एक ऐसा कृत्य है जो विधि द्धारा निषिद्ध तथा समाज के नैतिक मनोभावों के प्रतिकूल, दोनों ही होता है। यह विचार अभिव्यक्त किया है- |
| A. | बलैकस्टोन ने |
| B. | केनी ने |
| C. | स्टीफन ने |
| D. | आॅस्टिन ने |
| Answer» D. आॅस्टिन ने | |
| 26. |
भारतीय दंड संहिता का प्रथम प्रारूप किसने तैयार किया था? |
| A. | कैनिंग |
| B. | स्टीफेन |
| C. | बैंटिक |
| D. | मैकाले |
| Answer» E. | |
| 27. |
Who is associated with drafting of Indian Penal Code? |
| A. | Lord Macaulay |
| B. | Mullah |
| C. | Sir H.S. Mayne |
| D. | Frederick Pollock |
| Answer» B. Mullah | |
| 28. |
भारतीय दंड संहिता, 1860 को अधिनियमित किया गया था- |
| A. | 6 अक्टूबर, 1860 को |
| B. | 30 अक्टूबर, 1860 को |
| C. | 25 नवंबर, 1860 से |
| D. | 31 दिसंबर, 1860 को |
| Answer» B. 30 अक्टूबर, 1860 को | |
| 29. |
्यायालयोंका यह कर्तव्य है कि वेमामलेको तय करें न कि पक्षों को, क्योंकि अच्छे सेअच्छा व्यक्ति बुरे से बुरा कार्य कर सकता है तथा बुरे से बुरे व्यक्ति का अच्छे से अच्छा अधिकार रो सकता है। यह कथन निम्न में से किस विधि की धारा से सम्बन्धित है? |
| A. | दण्ड प्रक्रिया संहिता 1973 की धारा 110 से |
| B. | भारतीय साक्ष्य अधिनियम 1872 की धारा 52,53,54 व 55 से |
| C. | भारतीय दण्ड संहिता 1860 की धारा 494, 497, 498 से |
| D. | भारतीय दण्ड संहिता 1860 की धारा 292, 293,294 से |
| Answer» C. भारतीय दण्ड संहिता 1860 की धारा 494, 497, 498 से | |
| 30. |
पराध ऐसा दोष है जिसकी अनुशास्ति दण्ड है और जो किसी सामान्य व्यक्ति द्धारा क्षम्य नहीं है, यदि वह क्षम्य है तो केवल सम्राट द्धारा।निम्नलिखित में से किस विधिशास्त्री ने ऐसा कह है? |
| A. | ब्लैकस्टोन |
| B. | आॅस्टिन |
| C. | केनी |
| D. | महात्मा गांधी |
| Answer» D. महात्मा गांधी | |
| 31. |
भारतीय दंड संहिता, 1860 को कब लागू किया गया? |
| A. | 1860 |
| B. | 1861 |
| C. | 1862 |
| D. | 1863 |
| Answer» D. 1863 | |
| 32. |
भारतीय दण्ड संहिता प्रवृत्त हुई- |
| A. | 6 अक्टूबर, 1860 से |
| B. | 6 दिसम्बर, 1860 से |
| C. | 1 जनवरी , 1861 से |
| D. | 1 जनवरी, 1862 से |
| Answer» E. | |
| 33. |
चरित्र शब्द जैसा कि भारतीय साक्ष्य अधिनियम, 1872 की धारा 55 में स्पष्ट किया गया है, क् अन्तर्गत आात है- |
| A. | अच्छा चरित्र |
| B. | बुरा चरित्र |
| C. | विशिष्ट स्वाभाव के आधार पर ख्याति का निर्माण |
| D. | साधारण ख्याति और साधारण स्वभाव |
| Answer» C. विशिष्ट स्वाभाव के आधार पर ख्याति का निर्माण | |
| 34. |
गलत कथन चुनिये- |
| A. | दाण्डिक कार्यवाहियों में यह तथ्य सुसंगत है कि अभियुक्त व्यक्ति अच्छे शील का है |
| B. | दीवानी मामलों में, यह तथ्य कि किसी व्यक्ति का शील ऐसा हे, जिससे नुकसानी की रकम पर जो उसे मिलनी चाहिये प्रभाव पड़ता है, सुसंगत नहीं है |
| C. | पूर्व दोषसिद्धि बुरे शील के साक्ष्य के रूप में सुसंगत है |
| D. | दीवानी मामलों में यह तथ्य कि किसी व्यक्ति का शील कैसा है विसंगत है |
| Answer» C. पूर्व दोषसिद्धि बुरे शील के साक्ष्य के रूप में सुसंगत है | |
| 35. |
चरित्र की सुसंगत के सम्बन्ध में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सही है? |
| A. | आपराधिक मामलों में पूर्ववर्ती अच्छा आचरण असंगत है |
| B. | आपराधिक कार्यवाहियों में पूर्ववर्ती खराब आचरण सुसंगत है |
| C. | दीवानी वादों में अभ्यारोपित आचरण को सिद्ध करने हेतु चरित्र सुसंगत है |
| D. | दीवानी वादों में क्षतिपूर्ति की राशि को प्रभावित करने वाले किसी व्यक्ति का चरित्र सुसंगत है |
| Answer» E. | |
| 36. |
'नुकसानी पर प्रवाह डालने वाला शील' की भारतीय साक्ष्य अधिनियम, 1872 की निम्न किस धारा में विवेचना की गई है? |
| A. | धारा 55 में |
| B. | धारा 56 में |
| C. | धारा 57 में |
| D. | धारा 58 में |
| Answer» B. धारा 56 में | |
| 37. |
In Criminal cases previous bad character of accused is- |
| A. | relevant |
| B. | always irrelevant |
| C. | relevant when evidence has been given that he has a good chartacter |
| D. | relevant when evidence has been given that he has a good character and when bad character is itself in issue |
| Answer» E. | |
| 38. |
निम्नांकित में से कौनसा 'कथन' सही नही है? |
| A. | दाण्डिक कार्यवाहियों में यह तथ्य सुसंगत है कि अभियुक्त अच्छे शील का है |
| B. | दाण्डिक कार्यवाहियों में यह तथ्य सुसंकत है कि अभियुक्त बुरे शील का है |
| C. | बुरे शील के साक्ष्य के रूप में पूर्व दोषसिद्धि सुसंकत है |
| D. | सिविल मामलों में यह तथ्य कि किसी व्यक्ति का शील ऐसा है जिससे नुकसानी की रकम, जो उसे मिलनी चाहिए, पर प्रभाव पड़ता है, सुसंगत है |
| Answer» C. बुरे शील के साक्ष्य के रूप में पूर्व दोषसिद्धि सुसंकत है | |
| 39. |
किसी व्यक्ति का चरित्र अर्थात् शील सुसंगत है- |
| A. | सिवील मामबों में अधिरोपित आचरण को सिद्ध करने हेतु |
| B. | सिविलमामलों मे नुकसानी की राशि अभिनिर्धारित करने हेतु |
| C. | दाण्डिक मामलों में यह प्रमाणित करने हेतु कि अभियुक्त बुरे चरित्र का है |
| D. | उपरोक्त किसी भी मामले में नही |
| Answer» C. दाण्डिक मामलों में यह प्रमाणित करने हेतु कि अभियुक्त बुरे चरित्र का है | |
| 40. |
कौन सा तथ्य असंगत है? जब अबियुक्त पवन का हत्या के लिए अभियोजन किया जा रहा है- |
| A. | पवन एक बुरे चरित्रवाला व्यक्ति है |
| B. | घटना के पुर्वतर्ती दिन पवन का म तक से झगड़ा हुआ था |
| C. | पवन घटना के तत्काल बाद कभी अपने घर पर दिखाई नहीं दिया वह घर से लापता हो गया |
| D. | पवन एक अच्छे चरित्र वाला व्यक्ति हैं |
| Answer» B. घटना के पुर्वतर्ती दिन पवन का म तक से झगड़ा हुआ था | |
| 41. |
निम्नलिखित में से कौन सा कथन सही हैं? |
| A. | आपराधिक मामलों में पूर्वतन अच्छा शील सुसंगत है |
| B. | सिविल मामलों में अध्यारोपित आचरण साबित करने के लिए शील सुसंगत है |
| C. | उत्तर में होने के अतिरिक्त पुर्वतन शील सुसंगत है |
| D. | सिविल मामलों में यह तथ्य कि किसी व्यक्ति का शील ऐसा है जिससे नुकसानी के रूप में जो उसे मिलनी चाहिए, उस परप्रभाव पड़ता है, विसंगत है |
| Answer» B. सिविल मामलों में अध्यारोपित आचरण साबित करने के लिए शील सुसंगत है | |
| 42. |
साक्ष्य अधिनियम की निम्नांकित धाराओं में से किस धारा में यह उपबंध है कि अभियुक्त का पूर्व का बुरा शील सुसंगत नहीं है? |
| A. | धारा 54 |
| B. | धारा 52 |
| C. | धारा 53 |
| D. | धारा 118 |
| Answer» B. धारा 52 | |
| 43. |
In criminal case the fact that the person accused is good character- |
| A. | in not a relevant fact, |
| B. | is a relevant fact. |
| C. | cannot be groved |
| D. | is conclusive fact. |
| Answer» C. cannot be groved | |
| 44. |
दाण्डिक मामलों ममें यह तथ्य कि अभियुक्त अच्छे चरित्र का है- |
| A. | सुसंगत होगा |
| B. | असंगत होगा |
| C. | अखण्डनीय होगा |
| D. | इनमें से कोई नहीं |
| Answer» B. असंगत होगा | |
| 45. |
कथन-(A): दांडिक मामलों में यह तथ्य कि अभियुक्त का चरित्र अच्छा हे, सुसंगत है।कारण-(R): दांडिक मामलों में अभियुक्त का बुरा चरित्र सर्वदा असंगत है।नीचे दिये गये कूट की सहायता से सही उत्तर चुनियं- |
| A. | A और R दोनों सही हैं और R,A का सही स्पष्टीकरणहै |
| B. | A और R दोनों सही हैं परन्तु R,Aका सही स्पष्टीकरण नहीं है |
| C. | A सही है परन्तु R गलत है |
| D. | A गलत हैं परन्तुR सही है |
| Answer» D. A गलत हैं परन्तुR सही है | |
| 46. |
दाण्डिक कार्यवाहियों में यह तथ्य कि अभियुक्त बुरे शील का है- |
| A. | विसंगत है |
| B. | सुसंगत हैं |
| C. | उपर्युक्त (A)सही है जब तक इस बात का साक्ष्य न दिया गया हो कि वह अच्छे शील का है |
| D. | उपर्युक्त सभी गलत हैं |
| Answer» D. उपर्युक्त सभी गलत हैं | |
| 47. |
आपराधिक कार्यवाहियों में यह तथ्य की आपराधिक बैद्ध वाला व्यक्ति अच्छे चरित्र का है, सुसंगत है- |
| A. | धारा 53 में |
| B. | धारा 54 में |
| C. | धारा 55 में |
| D. | धारा 56 में |
| Answer» B. धारा 54 में | |
| 48. |
भारतीय साक्ष्य अधिनियम की निम्न धाराओं में से किस धारा में पुर्ववर्ती सद्चरित्र आपराधिक प्रकरणों में सुसंगत माना जाता है? |
| A. | धारा 18 में |
| B. | धारा 26 में |
| C. | धारा 49 में |
| D. | धारा 53 में |
| Answer» E. | |
| 49. |
निम्न में से किस संशोधन अधिनियम द्धारा साक्ष्य विधि अधिनियम, 1872 में धारा 53-A जोड़ी गई है? |
| A. | सूचना प्रौधोगिकी(संशोधन) अधिनियम,2008 द्धारा |
| B. | सूचना साक्ष्य (संशोधन) अधनिनयम, 2002 द्धारा |
| C. | दंड विधि (संशोधिन) अधिनियम, 2005 द्धारा |
| D. | दंड विधि (संशोधन) अधिनियम, 2013 द्धारा |
| Answer» E. | |
| 50. |
भारतीय दंड संहिता की धारा 376 के अपराध में पीड़ित का शील साक्ष्य अधिनियम की किस धारा में सुसंगत नहीं हैं? |
| A. | धारा 53-क |
| B. | धारा 114-क |
| C. | धारा 53 |
| D. | धारा 119 |
| Answer» B. धारा 114-क | |